मंगलवार, 17 मई 2016

विषधर

आज 
देहधारी विषधरों ने सभा की
सचेत किया सभी को 
कि वे बचाएँ अपना विष 
मनुष्यों से ! 
जिसने उनके हलाहल पर
अपना दावा ठोक दिया
सबसे ख़तरनाक
विषधर ने तर्क दिया
कि वे अब हमारे जैसे
दिख रहे हैं !
चारों ओर उनके
विष वमन से
आहत !
हो रहे हैं अबाल वृद्ध l 

© हर्ष